सिरोंज एक ऐसा नगर जो आजादी के बाद से लगातार अन्याय के खिलाफ चुप?

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 ( सिरोंज विदिशा सोहन भार्गव ) आजादी के पहले जो नगर जिला था और जिसका स्वर्णिम इतिहास किताबो में दर्ज है वो नगर आजादी के बाद ओर राजिस्थान के टोंक रियासत से अलग हो कर मध्यप्रदेश में मिला ओर तभी से शुरुआत हुई सिरोंज के साथ अन्याय की एक ऐसा जिला जिसको तहसील बना दिया गया पर सिरोंज के वासी चुप रहे सिरोंज नगर का दरी उद्योग बंद हो गया सिरोंज बासी चुप रहे ,फिर वर्ष आया 1995 जब (पी. वी. नरसिम्हा राव) तत्कालीन प्रधानमंत्री ने बीना रिफायनरी की आधारशिला रखी और ओर घोषणा की कि बीना से ब्यावरा को रेल लाइन से जोड़ा जाएगा जिससे 100 किलोमीटर का फायदा रेलवे को होगा मालभाड़ा कम होगा परंतु वो प्रोजेक्ट भी ठंडे बस्ते में चला गया उसके बाद रेलवे लाइन की मांग कई बार उठी फिर सिरोंज आरोन विदिशा रेलवे का सर्वे हुआ बजट में घोषणा हुई पर तमाम फाइल इधर उधर हुई पर फिर अन्याय हुआ सिरोंज के साथ सब सर्वे ठंडे बस्ते में पर सिरोंज बासी चुप ओर अब फिर सिरोंज जिला बनाने की बात हुई ओर वो भी लगभग पक्का ही माना जा रहा था 31 दिसंबर से पहले तक इसकी घोषणा होनी थी आयोग की रिपोर्ट क्या क्या हुआ 1 जनवरी 2026 को जनगणना के कारण सीमाएं फ्रीज कर दी गई ओर फिर सिरोंज का जिला बनाने का सपना फिर सपना हो गया सिरोंज बासी फिर चुप ओर फिर जागी 17 जनवरी को आशा की किरण जब सिरोंज विधायक उमाकांत शर्मा के अनुरोध पर सिरोंज बीना तक फोर लेन रोड की घोषणा हुई सिरोंज बासी खुश साथ ही शिवराज सिंह चौहान द्वारा विदिशा कोटा एक्सप्रेस वे की बात की जो सिरोंज ओर शमशाबाद से हो के गुजरने की बात की पर सिरोंज के नागरिकों की ये खुशी जल्दी ही ग़म में बदल गई जब विदिशा कोटा एक्सप्रेस वे को विदिशा से बैरसिया ओर मधुसूदनगढ़ से हो के कर दिया गया ओर दूसरा फोर लेन महलुआ चौराहा से माल्थोन तक स्वीकृत कर दिया गया जिससे फिर अन्याय सिरोंज के साथ हो गया ओर सिरोंज बासी चुप क्या बार बार अन्याय को स्वीकार करने वाले सिरोंज लटेरी वासियों का सबर का बाँध अब टूटेगा कौन है वो जिसके इशारे पर ये सब हुआ क्या विधायक उमाकांत शर्मा अपनी ही सरकार के खिलाफ सिरोंज की जनता का साथ देंगे?क्या कांगेस इस मौके का फायदा उठाएगी? सन 1980 से मात्र 2 बार ही इस विधानसभा में कांग्रेस ने जीत दर्ज की है कट्टर भाजपा के गढ़ के रूप में प्रसिद्ध सिरोंज अपनी ही सरकार के कार्यकाल में अन्याय का शिकार हो रहा है क्या मुख्यमंत्री मोहनयादव इसमें हस्तक्षेप करेंगे? सागर सांसद लता वानखेड़े इसमें अपना विरोध दर्ज कराएगी ये सवाल लोगों के मन में हैसिरोंज लटेरी वासियों के ही नहीं आसपास की अन्य विधानसभाओं में भी ये बात चर्चा का विषय बन रही है कि आखिर क्या हो रहा है ऐसा जो कोई भी प्रोजेक्ट सिरोंज तक नहीं पहुंचता जिस सिरोंज का 3 मंजिल बाजार ओर हाथी ओर ऊंट पर बैठ खरीदारी ओर आइने अकबरी जैसी कोई पुस्तकों में उल्लेख है आज वो पीछे होता जा रहा हैं क्यों सबाल पूछ रही है सिरोंज लटेरी की जनता ये हाल रहे तो चुनाव परिणाम अप्रत्याशित हो सकते है लोकसभा ओर विधानसभा दोनों के क्या इनका कहना है जैसा कि घोषणा हुई थी 17 जनवरी को की सिरोंज से बीना तक 4 लेन मार्ग की वो सिरोंज से परिवर्तित कर दिया गया बिदिशा कोटा एक्सप्रेस वे का भी मार्ग परिवर्तित हुआ इससे हम निराश है हम केंद्र और राज्य की संवेदनशील सरकार से निवेदन करते है कि दोनों मार्गों को यथा वत स्थिति में रखा जाए और यदि कोई विशेष कारण है तो सिरोंज लटेरी को कोई विशेष सौगात दी जाए राममोहन पाराशर पूर्व जिला उपाध्यक्ष भाजपा सिरोंज लटेरी के साथ निरंतर अन्याय हो रहा है पूर्व से जैसा सब जानते है कि केंद्र ओर राज्य सरकार भाजपा की है विधायक भाजपा के संसद सदस्य बीजीपी के फिर सिरोंज के साथ अन्याय पर दोनों चुप है 2 बड़े रोड सिरोंज से छीन लिए गए सब चुप पर अब सिरोंज बासी चुप नहीं रहेगे हम को आंदोलन करना पड़ा तो भी करेंगे पर अब अन्याय नहीं सहेंगे सुरेंद्र रघुवंशी किसान कांग्रेस नेता

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