विदिशा /शमशाबाद (नई हलचल)
ग्राम सांगुल रोड किनारे एक मानसिक रूप से विक्षिप्त व्यक्ति घायल अवस्था में पड़ा हुआ है की सूचना पुलिस के डायल नंबर 112 पर प्राप्त हुई। सूचना की गंभीरता को देखते हुए थाना प्रभारी शमशाबाद निरीक्षक आशुतोष सिंह राजपूत के निर्देशन में शमशाबाद पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची।
पुलिस टीम ने मानवता और संवेदनशीलता का परिचय देते हुए घायल एवं असहाय व्यक्ति को सुरक्षित रेस्क्यू किया तथा तत्काल उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शमशाबाद में भर्ती कराया। उक्त व्यक्ति अपना नाम-पता बताने में असमर्थ था। उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए शमशाबाद पुलिस द्वारा बेहतर उपचार के लिए उसे मेडिकल कॉलेज, जिला विदिशा में भर्ती कराया गया, जहां उसका उपचार कराया गया।उपचार के उपरांत भी उक्त व्यक्ति की देखभाल एवं पुनर्वास की आवश्यकता को देखते हुए पुलिस द्वारा उसे अपना घर आश्रम, विदिशा में दाखिल कराया गया। अब आश्रम में उसकी नियमित देखभाल, भोजन एवं आवास के साथ-साथ मानसिक स्वास्थ्य में सुधार के लिए आवश्यक चिकित्सा एवं काउंसलिंग की व्यवस्था की जा रही है।
पुलिस की इस कार्रवाई ने यह संदेश दिया कि पुलिस की जिम्मेदारी केवल कानून-व्यवस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि मुश्किल में पड़े असहाय और जरूरतमंद व्यक्ति के जीवन की सुरक्षा एवं मदद करना भी उसकी मानवीय जिम्मेदारी है। सड़क किनारे घायल अवस्था में मिले इस व्यक्ति को समय पर उपचार दिलाने से लेकर सुरक्षित आश्रय और पुनर्वास तक पहुंचाने में शमशाबाद पुलिस ने संवेदनशीलता और तत्परता का परिचय दिया।अपना घर आश्रम, विदिशा द्वारा बेसहारा एवं बीमार व्यक्तियों को मानवीय आधार पर आश्रय प्रदान किया जाता है। आश्रम में ऐसे व्यक्तियों के लिएआवास, भोजन एवं वस्त्र की व्यवस्था की जाती है।
नियमित चिकित्सा एवं आवश्यक उपचारउपलब्ध कराया जाता है।मानसिक स्थिति में सुधार के लिए काउंसलिंग एवं देखभाल की जाती है।व्यक्ति के बेहतर जीवन एवं पुनर्वास के लिए निरंतर प्रयास किए जाते हैं।इस मानवीय एवं संवेदनशील कार्य में थाना प्रभारी शमशाबाद निरीक्षक आशुतोष सिंह राजपूत, डॉक्टर वैभव मोदी, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शमशाबाद, प्रधान आरक्षक संजय तिवारी, प्रधान आरक्षक नन्दराम चौधरी, डायल-112 कर्मचारी आरक्षक देवांस यादव एवं डायल-112 पायलट अनिल दांगी की महत्वपूर्ण भूमिका रही